मुख्यमंत्री सुक्खू वोट चोरी के प्रतीक, कांग्रेस की हताशा का नाम है ‘वोट चोर अभियान’ : विपिन सिंह परमार
पूर्व विधानसभा अध्यक्ष और विधायक विपिन सिंह परमार ने कांग्रेस पार्टी और राहुल गांधी पर सीधा हमला बोला। उन्होंने कहा कि कांग्रेस का “वोट चोर अभियान” उसकी राजनीतिक हताशा और निराशा का परिणाम है। परमार ने आरोप लगाया कि असली वोट चोरी के जिम्मेदार राहुल गांधी और कांग्रेस पार्टी ही हैं।
परमार ने कहा कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू खुद “वोट चोरी” के प्रतीक हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री पहले नादौन विधानसभा चुनाव में वोट डालते हैं और फिर शिमला नगर निगम चुनाव में अपने पार्षद को भी वोट देते हैं — यह खुद में वोट चोरी का बड़ा उदाहरण है।
उन्होंने यह भी दावा किया कि कांग्रेस के मीडिया प्रमुख पवन खेड़ा के नाम पर दो EPIC ID पाए गए हैं, जो इस बात का प्रमाण है कि कांग्रेस पार्टी के भीतर वोटर फ्रॉड का संगठित नेटवर्क सक्रिय है। परमार ने सवाल उठाया कि क्या राहुल गांधी पवन खेड़ा के खिलाफ कार्रवाई करेंगे या उन्हें बचाने का प्रयास करेंगे।
परमार ने कहा कि राहुल गांधी गरीबों और वंचितों को चोर कहकर उनका अपमान करते हैं, जबकि असली चोरी कांग्रेस नेताओं के माध्यम से की जा रही है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी SIR का विरोध इसलिए कर रही है ताकि घुसपैठियों को संरक्षण मिले और वोट फ्रॉड की राजनीति जारी रखी जा सके।
उन्होंने यह भी बताया कि चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि किसी भी वोट को ऑनलाइन हटाया नहीं जा सकता। आयोग ने मोबाइल नंबर और IP एड्रेस की जानकारी भी दी है, जिससे राहुल गांधी के दावे झूठे साबित होते हैं।
परमार ने आरोप लगाया कि कांग्रेस के भीतर वोट चोरी का “एटम बम रैकेट” राहुल गांधी की जानकारी और अनुमति के बिना संभव नहीं था। उन्होंने मांग की कि राहुल गांधी देश से माफी मांगें और यह स्वीकार करें कि असली “वोट चोर” वही हैं।
इस मौके पर भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता राकेश शर्मा, प्रदेश मीडिया सह-प्रभारी एडवोकेट विश्व चक्षु और जिला कांगड़ा भाजपा अध्यक्ष सचिन शर्मा भी मौजूद रहे।





